विदेश में नौकरी के नाम पर साइबर स्लेवरी कराने वाले गिरोह का खुलासा, एक और आरोपी गिरफ्तार
22 Dec 2025
Local News
हाथरस । थाना साइबर क्राइम और हाथरस पुलिस टीम ने विदेश में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी कर युवाओं को साइबर स्लेवरी में धकेलने वाले अंतर्राष्ट्रीय साइबर गिरोह के एक और सदस्य को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान प्रमोद कुमार यादव के रूप में हुई है, जिसे नवी मुंबई से पकड़ा गया है। मामले में इससे पहले साइबर स्लेवरी कराने वाले गिरोह के दो सदस्य संजय कुमार राणा और सचिन राणा को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। यह कार्रवाई विदेशों में मर्चेन्ट नेवी की नौकरी दिलाने के नाम पर युवाओं से लाखों रुपये ठगने और उन्हें अवैध तरीके से थाईलैंड व म्यांमार भेजकर साइबर अपराध कराने के मामले में की गई। बताया गया कि 18 नवंबर 2025 को पीड़ित द्वारा शिकायत दर्ज कराई गई थी कि वर्ष 2024 में उसने चेन्नई स्थित कॉलेज से कोर्स पूरा करने के बाद मर्चेन्ट नेवी में नौकरी की तलाश की थी। इस दौरान एक व्यक्ति ने खुद को एजेंसी का डायरेक्टर बताकर नौकरी दिलाने के नाम पर करीब छह लाख रुपये ऑनलाइन ले लिए। बाद में पीड़ितों को थाईलैंड भेजकर नदी के रास्ते अवैध रूप से म्यांमार पहुंचाया गया, जहां उनसे जबरन साइबर अपराध कराया गया। पीड़ितों के पासपोर्ट कब्जे में लेकर उन्हें प्रताड़ित किया गया और 18-18 घंटे काम कराया गया। बाद में भारतीय दूतावास की मदद से रेस्क्यू कर उन्हें भारत वापस लाया गया। वापस आने पर जब आरोपियों से पैसे वापस मांगे गए तो धमकी दी गई। शिकायत के आधार पर थाना साइबर क्राइम हाथरस में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की गई। पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में साइबर क्राइम टीम ने साक्ष्य संकलन कर पहले दो आरोपियों की गिरफ्तारी की, जबकि गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश जारी रही।इसी क्रम में साइबर क्राइम पुलिस टीम ने प्रमोद कुमार यादव को गिरफ्तार किया। पूछताछ में उसने स्वीकार किया कि उसने नौकरी दिलाने के नाम पर युवाओं से पैसे लेकर उन्हें थाईलैंड भेजा, जहां से उन्हें म्यांमार भेजकर साइबर स्लेवरी कराई गई। पुलिस द्वारा आरोपी से विस्तृत पूछताछ कर आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।